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गरà¥à¤¡à¤¼ पà¥à¤°à¤¾à¤£: अगला जनà¥à¤® कहां लेना है, आप à¤à¤¸à¥‡ निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ कर सकते हैं
गरà¥à¤¡à¤¼ पà¥à¤°à¤¾à¤£ में à¤à¤—वान विषà¥à¤£à¥ ने अपने वाहन गरà¥à¤¡à¤¼ की विनती पर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ जीवन, मरण, आतà¥à¤®à¤¾ और बंधन से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ गूढ़ रहसà¥à¤¯ बताà¤à¤‚ हैं। इसी में शà¥à¤°à¥€à¤¹à¤°à¤¿ ने सà¥à¤µà¤¯à¤‚ अपने मà¥à¤– से यह à¤à¥€ बताया है कि हम किस घर में जनà¥à¤® लेंगे यह निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ करना à¤à¥€ हमारे ही हाथ में होता है। साथ ही हमारे घर में किन गà¥à¤£à¥‹à¤‚ और मनोà¤à¤¾à¤µà¥‹à¤‚ वाली संतान उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ हो, यह à¤à¥€ हमारे ही हाथ में है...
वैसे ही à¤à¤¾à¤µ के बचà¥à¤šà¥‡ का जनà¥à¤® होता है
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वैसे ही à¤à¤¾à¤µ के बचà¥à¤šà¥‡ का जनà¥à¤® होता है
गरà¥à¤¡à¤¼ पà¥à¤°à¤¾à¤£ में बताया गया है कि गरà¥à¤à¤¾à¤§à¤¾à¤¨ के समय सà¥à¤¤à¥à¤°à¥€ और पà¥à¤°à¥à¤· के मन में जिस तरह के à¤à¤¾à¤µ और विचार परोकà¥à¤· रूप से चल रहे होंगे, वैसे ही सà¥à¤µà¤à¤¾à¤µ वाले जीव का पà¥à¤°à¤µà¥‡à¤¶ गरà¥à¤ में होता है। इसलिठजरूरी है कि अपने विचारों में किसी तरह का छल न रखें।
à¤à¤¸à¥‡ मिलता है कà¥à¤²à¥€à¤¨ घर में जनà¥à¤®
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à¤à¤¸à¥‡ मिलता है कà¥à¤²à¥€à¤¨ घर में जनà¥à¤®
शà¥à¤°à¥€à¤¹à¤°à¤¿ कहते हैं कि पà¥à¤£à¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¾ पà¥à¤°à¤¾à¤£à¥€ पवितà¥à¤° शà¥à¤°à¥€à¤®à¤¾à¤¨ के घर में जनà¥à¤® लेता है। अरà¥à¤¥à¤¾à¤¤ जो लोग अपने इस जनà¥à¤® में अचà¥à¤›à¥‡ करà¥à¤® करते हैं, अपना आचरण सही रखते हैं और अपने कारण निरà¥à¤¦à¥‹à¤· लोगों को कषà¥à¤Ÿ नहीं पहà¥à¤‚चने देते, à¤à¤¸à¥€ आतà¥à¤®à¤¾à¤à¤‚ अगला जनà¥à¤® बहà¥à¤¤ ही सजà¥à¤œà¤¨ और संपनà¥à¤¨ परिवार में लेती हैं।
इस समय पति-पतà¥à¤¨à¥€ का मिलन संतान के लिठठीक नहीं
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इस समय पति-पतà¥à¤¨à¥€ का मिलन संतान के लिठठीक नहीं
गरà¥à¤¡à¤¼ पà¥à¤°à¤¾à¤£ के अनसà¥à¤¾à¤°, ऋतà¥à¤•ाल शà¥à¤°à¥‚ होने के बाद 4 दिन के अंदर होनेवाला गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤¨ अचà¥à¤›à¥€ संतान का कारक नहीं होता। इस समय पति-पतà¥à¤¨à¥€ को संयोग करने से बचना चाहिठवैसे आज कल चिकितà¥à¤¸à¤¾ विजà¥à¤žà¤¾à¤¨ इन चीजों को नहीं मानता है। लेकिन जहां तक पà¥à¤°à¤¾à¤£à¥‹à¤‚ का कथन है ऋतà¥à¤•ाल के 7 दिन छोड़कर आठवें दिन गरà¥à¤à¤¾à¤§à¤¾à¤¨ हो जाठतो संतान दीरà¥à¤˜à¤¾à¤¯à¥ और योगà¥à¤¯ होती है।
à¤à¤¾à¤—à¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¨ संतान की पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ का दिन
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à¤à¤¾à¤—à¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¨ संतान की पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ का दिन
गरà¥à¤¡à¤¼ पà¥à¤°à¤¾à¤£ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, ऋतà¥à¤•ाल को 16 रातà¥à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का माना जाता है। इस कà¥à¤°à¤® में 14वीं रातà¥à¤°à¤¿ को यदि गरà¥à¤à¤¾à¤§à¤¾à¤¨ हो तो à¤à¤¾à¤—à¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¨, गà¥à¤£à¤µà¤¾à¤¨, धरà¥à¤® का पालन करनेवाली संतान उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ होती है।
यह à¤à¥€ पढ़ें: हनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤œà¥€ के बारे में नहीं जानते होंगे ये बातें, यह है उनके पà¥à¤¤à¥à¤° का नाम
à¤à¤¸à¥‡ समय पर होता है पà¥à¤£à¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¾ का जनà¥à¤®
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à¤à¤¸à¥‡ समय पर होता है पà¥à¤£à¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¾ का जनà¥à¤®
मानव जीवन पर पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ डालनेवाले शà¥à¤ गà¥à¤°à¤¹, जब अपनी उचà¥à¤š सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में होते हैं, उस समय यदि गरà¥à¤à¤¾à¤§à¤¾à¤¨ हो जाठतो इससे उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ होनेवाली संतान à¤à¤• पà¥à¤£à¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¾ होती है। जो विनयशील, गà¥à¤£à¤µà¤¾à¤¨ और कà¥à¤² का मान बढ़ानेवाली होती है।
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